पानीपत। हरियाणा पुलिस का एक हैरतअंगेज कारनामा सामने आया है। यहां पूछताछ के लिए बुलाए एक अधेड़ शख्स को पुलिस ने पीट-पीट कर मौत के घाट उतार दिया। जिसके बाद मृतक के परिजनों ने थाने में हंगामा कर दिया। मृतक व्यक्ति के रिश्तेदार पर एक लड़की भगाने का आरोप है। इसी मामले एएसआई ने उसे थाने में पूछताछ के लिए बुलाया था। जहां पुलिस ने उसे इतना बुरी तरह पीटा। जिससे वह गंभीर घायल हो गया। उसे गंभीर हालत में सिविल अस्पताल लाया गया, जहां इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। मामला पानीपत के किले थाना का है।

जानकारी के मुताबिक किला थाने में 55 वर्षीय बुजुर्ग अयुब की मौत हो गई। एएसआइ धर्मबीर पर थर्ड डिग्री देने का आरोप लगा है। अयूब का कोई कसूर भी नहीं था। उसके दामाद का भाई, एक युवती को भगा ले लिया था। आरोप है कि शराब के नशे में धुत्त एएसआई ने थर्ड डिग्री टार्चर किया। मुंह व नाक में पानी डाली दिया। इससे बुजुर्ग की मौत हो गई। आरोपित एएसआई के खिलाफ गलत तरीके से पूछताछ करने और हत्या का मामला दर्ज कर, उसे गिरफ्तार कर लिया है। बुजुर्ग के स्वजनों ने सिविल अस्पताल परिसर और थाने के बाहर हंगामा कर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की। वहीं, देर रात युवती पक्ष के दो लोगों पर भी हत्‍या का केस दर्ज कर लिया गया।

अशोक विहार कालोनी में रहने वाली हिंदू महिला ने किला थाना पुलिस को शिकायत दी कि 26 मई की सुबह 11 बजे उसकी 22 वर्षीय बेटी का डाबर कालोनी के इरशाद ने अपहरण कर लिया है। इस साजिश में आरोपित की भाभी भी शामिल है। 27 मई को पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया था। पुलिस आरोपित युवक की तलाश कर रही है। डीएसपी मुख्यालय सतीश कुमार वत्स ने बताया कि मामले के जांच अधिकारी किला थाने के एएसआई इसराना निवासी धर्मबीर मंगलवार शाम को आरोपित इरशाद के भाई के ससुर फैक्ट्री के खड्डी मास्टर विद्यानंद कालोनी के 55 वर्षीय अयुब को थाने लाया। इरशाद के ठिकानों का पता पूछने लगे। एएसआई ने पूछताछ का गलत तरीका अपनाया।

अयुब के मुंह व नाक में पानी डाल दिया। इससे अयुब की मौत हो गई। सूचना मिलने पर एसपी शशांक कुमार सावन के निर्देश पर थाने में पहुंचकर छानबीन की। किला थाना प्रभारी महीपाल की शिकायत पर हत्या का मामला दर्ज करके आरोपित एएसआई को गिरफ्तार कर लिया है। अयुब के शव का बुधवार को सामान्य अस्पताल में पोस्टमार्टम कराया जाए। इसके बाद ही मौत कैसे हुई, इसका पता चलेगा।

अयुब उग्राखेड़ी के पास स्थित एक फैक्ट्री में दरी बनाने का काम करता था। उसकी तीन बेटियां व दो बेटे हैं। दो बेटियों की शादी हो चुकी है। अयुब के बेटे नूर मोहम्मद ने बताया कि इरशाद व उसके स्वजन घर से भाग गए हैं। एएसआई धर्मबीर को लड़की पक्ष ने 10 हजार रुपये रिश्वत में दे रखे थे। आरोपित एएसआई तीन दिन से उनके पिता को थाने ले जाता। गाली-गलौज करके मारपीट करता। मंगलवार को शराब के नशे में एएसआई धर्मबीर उनके पिता को घसीटकर थाने ले आया। पिता को थर्ड डिग्री देकर मार डाला।

सिविल अस्पताल में अयुब के स्वजन विलाप करने लगे। आरोपित एएसआई धर्मबीर को कोस रहे थे। तभी एएसआई पुलिसकर्मियों से छूटकर भाग गया। इससे अफरा-तफरी मच गई। पुलिसकर्मियों ने दौड़कर आरोपित एएसआई को पकड़ा और सामान्य अस्पताल में मेडिकल कराया। देर रात तक थाने व अस्पताल में पीड़ित के स्वजन रोष जताते रहे। पुलिस का कड़ा पहरा रहा। बताया गया है कि एएसआई धर्मबीर पीड़ित अयुब के साथ मारपीट कर रहे थे। तभी अन्य कई पुलिसकर्मियों ने उसे रोका भी, लेकिन वह नहीं माना। उसने थर्ड डिग्री दी। इससे अयुब की मौत हो गई।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *