WTC Final : ‘पारी की शुरुआत में रोहित शर्मा के पैर ज्यादा नहीं चलते…स्विंग गेंदबाजी बनेगी उनकी समस्या’

न्यूजीलैंड के पूर्व ऑलराउंडर स्कॉट स्टाइरिस का मानना है कि वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) फाइनल में भारत के सलामी बल्लेबाज रोहित शर्मा को स्विंग होती गेंद का सामना करने में परेशानी हो सकती है। भारत और न्यूजीलैंड के बीच डब्ल्यूटीसी फाइनल 18 जून से साउथम्प्टन में खेला जाएगा।

साउथम्पटन के मुख्य पिच क्यूरेटर साइमन ली ने स्पष्ट कर दिया है कि उनका लक्ष्य तेज और उछाल भरी पिच बनाना है और स्टाइरिस का मानना है कि यह रोहित के लिए मुश्किलें पैदा कर सकता है।

 

स्टाइरिस ने स्टार स्पोर्ट्स के शो ‘गेम प्लान’ में कहा, ‘यह पिच पर निर्भर करता है… मुझे लगता है कि अगर गेंद मूव करती है तो रोहित को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। पारी की शुरुआत में रोहित के पैर काफी नहीं चलते। अगर ऐसा होता है तो स्विंग होती गेंद उनके लिए समस्या हो सकती है।’

स्टाइरिस ने कहा कि न्यूजीलैंड का तेज गेंदबाजी आक्रमण मजबूत है और उसमें नील वेगनर की भूमिका अहम होगी। उन्होंने कहा, ‘न्यूजीलैंड की तेज गेंदबाजी योजना में कुछ भी छिपा हुआ नहीं है, टिम साउदी और ट्रेंट बोल्ट के साथ काइल जैमीसन या कोलिन डि ग्रैंडहोम तीसरे तेज गेंदबाज की भूमिका निभाएंगे और ये नई गेंद से 22वें से 28वें ओवर तक गेंदबाजी करेंगे।’

स्टाइरिस ने कहा, ‘इसके बाद नील वेगनर की भूमिका आएगी। इसलिए जब आप वेगनर के बारे में बात करते हैं तो आक्रामक गेंदबाजी करने की उसकी क्षमता है और दूसरी नई गेंद मिलने तक बीच के ओवरों में वह विराट कोहली जैसे के खिलाफ विकेट हासिल करने के लिए वास्तविक विकल्प है।’

 

भारत को फाइनल से पहले तैयारी का अधिक समय नहीं मिला है जबकि न्यूजीलैंड इस मुकाबले में इंग्लैंड के खिलाफ उसी की सरजमीं पर टेस्ट श्रृंखला जीतने के बाद उतरेगा।

पार्थिव पटेल ने कही ये बात
भारत के पूर्व विकेटकीपर बल्लेबाज पार्थिव पटेल ने कहा कि कोहली को क्रीज पर जमने के लिए समय देना होगा और 2018 के इंग्लैंड दौरे से प्रेरणा लेनी होगी। पार्थिव ने कहा, ‘मुझे लगता है कि उसे खुद को थोड़ा समय देना होगा और 2018 में जो किया उसके बारे में सोचना होगा जहां उसने कई शतक बनाए थे।’ उन्होंने कहा, ‘इसलिए वह 2014 की तुलना में बेहतर तैयार था लेकिन चुनौतियां होंगी और विविधता भरे तेज गेंदबाजों की चुनौती होगी। इसका कारण यह है कि यह एक आयामी तेज गेंदबाजी आक्रमण नहीं है।’

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *