इंग्लैंड सीरीज से पहले नहीं मिलेगा टीम इंडिया को प्रैक्टिस मैच, ECB के फैसले पर गावसकर ने उठाया सवाल

नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट टीम इंग्लैंड के खिलाफ पांच मैचों की टेस्ट सीरीज से पहले डरहम में रिवरसाइड मैदान पर दो मैच खेलेगी जो टीम के अंदर ही दो टीमें बनाकर खेले जाएंगे। ऐसा इसलिए होगा क्योंकि विराट कोहली के खिलाड़ियों को काउंटी टीमों के खिलाफ कोई भी प्रथम श्रेणी अभ्यास मैच मिलने की संभावना नहीं है। भारतीय कप्तान कोहली चार अगस्त से नाटिंघम में इंग्लैंड के खिलाफ शुरू होने वाली सीरीज से पहले कोई भी प्रथम श्रेणी मैच नहीं मिलने पर नाराजगी व्यक्त कर चुके हैं।

इंग्लैंड एवं वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ईसीबी) के प्रवक्ता ने शुक्रवार को कहा, ‘कोविड-19 प्रोटोकॉल के अनुसार वे अगस्त में पहले टेस्ट से पहले अपने खिलाड़ियों की दो टीमें बनाकर चार दिवसीय दो मैच खेलेंगे।’

भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) ने ईसीबी से कुछ अभ्यास मैच कराने का अनुरोध किया था लेकिन कोविड-19 हालात के कारण इस तरह की योजना को पूरा करना मुश्किल होगा। यह पूछने पर कि काउंटी टीमों के खिलाफ कोई मैच आयोजित करने की संभावना है तो प्रवक्ता ने कहा, ‘नहीं।’

 

इंग्लैंड में विभिन्न काउंटी टीमों के खिलाड़ियों का नियमित रूप से कोविड-19 परीक्षण किया जा रहा है लेकिन उन्हें किसी बायो-बबल में नहीं रखा हुआ है। भारतीय टीम 14 जुलाई को लंदन में इकट्ठी होगी और डरहम रवाना होगी जिसके बाद फिर से बायो-बबल में रहेगी। बीसीसीआई के एक अधिकारी ने नाम नहीं बताने की शर्त पर कहा, ‘इंग्लैंड में घरेलू खिलाड़ी बायो-बबल में नहीं हैं, यह निश्चित रूप से एक मुद्दा है। इसलिए डरहम में मैच टीम के खिलाड़ियों को दो टीमों विभाजित करके ही खेले जाएंगे।’

भारतीय टीम इस समय 24 खिलाड़ियों (20 आधिकारिक टीम और चार रिजर्व) के साथ है जिससे वह टीम के खिलाड़ियों की दो टीम बनाकर खेल सकती है। हालांकि महान खिलाड़ी जैसे सुनील गावसकरने इस पर सवाल उठाए और कहा कि इस तरह के मैचों से टीम किस तरह से तैयारी कर सकती है। बीते समय में दौरा करने वाली टीमें काउंटी टीमों के साथ कई प्रथम श्रेणी मैच खेलती थी।

 

टीम के अंदर दो टीमें बनाकर खेले जाने वाले मैचों में एक खिलाड़ी अगर जल्दी आउट हो जाता है तो वह फिर से बल्लेबाजी कर सकता है लेकिन एक उचित प्रथम श्रेणी मैच में ऐसा नहीं हो सकता। मुख्य चयनकर्ता चेतन शर्मा और एक अन्य सीनियर चयनकर्ता सुनील जोशी कड़े क्वारंटीन नियमों के रूकावट बनने के कारण पांच मैचों की टेस्ट सीरीज के लिए इंग्लैंड नहीं जा रहे। समझा जा सकता है कि भारत ‘लाल सूची’ वाले देशों में शामिल है जहां से ब्रिटेन के लिए कोई सीधी उड़ान नहीं है।


अगर कोई भारत से जाएगा तो उसे या तो चार्टर फ्लाइट से यात्रा करनी होगी जैसे टीम गयी थी या फिर उन्हें उन्हें पहले उन देशों में जाना होगा जो ब्रिटेन की ‘लाल सूची’ में शामिल नहीं होगी और फिर वहां क्वारंटीन में रहना होगा तथा वहां से इंग्लैंड जाने वाली उड़ान लेनी होगी।

बीसीसीआई के एक सूत्र ने सूचित किया, ‘हां, देबू (देबाशीष मोहंती) और एबे (कुरूविला) श्रीलंका जा रहे हैं जहां सीमित ओवरों की टीम छह मैच खेलेगी। वे इस समय टीम के साथ मुंबई के होटल में क्वारंटीन में हैं। लेकिन कोई भी चयनकर्ता ब्रिटेन नहीं जा रहा है।’

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *